किन्नर की आवाज़

लेखिका: श्रेया शर्मा , कलाकार: रूपाली प्रशांत , संपादक: आशिमा भारद्वाज

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सफ़र ज़िन्दगी का

जीवन और मृत्यु का संघर्ष, अभी तो शेष जताना है,  खेल बस प्रारंभ हुआ है,  विजय पताका अभी लहराना है ।

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